जानामि धर्मं न च मे प्रवृत्ति – I know what is right, yet….
Reading Time: 8 minutes जानामि धर्मं न च मे प्रवृत्ति I know what is right (dharma), yet I cannot get myself to follow it. जानामि धर्मं न च मे प्रवृत्तिर्जानाम्यधर्मं न च मे निवृत्तिः केनापि देवेन हृदि स्थितेन यथा नियुक्तोऽस्मि तथा करोमि (मैं धर्मको जानता हूँ, पर उसमें मेरी प्रवृत्ति नहीं होती और अधर्मको भी जानता हूँ, पर उससे …
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